ओम श्री रूपेश कंपनी के लेबर क्वाटर ढहने से गर्भवती महिला की मौत के मामले में हुई कार्रवाई
रायगढ़ (सृजन न्यूज)। पूर्व कांग्रेस नेता और स्वयंभू समाजसेवी शंकर लाल अग्रवाल के सितारे इन दिनों गर्दिश में चल रहे हैं। लाख कोशिशों के बावजूद विवाद उनका पीछा ही नहीं छोड़ रहा है। वहीं, अब पुलिस ने ओम श्री रूपेश कंपनी के डायरेक्टर शंकर लाल अग्रवाल और दयानंद अग्रवाल के खिलाफ मुकदमा पंजीबद्ध करते हुए उन्हें कानूनी पचड़े में फंसाया है।
दरअसल, थाना पूंजीपथरा क्षेत्र अंतर्गत ग्राम चिराईपानी स्थित ओम श्री रूपेश स्टील कंपनी के मालिक दयानंद अग्रवाल एवं शंकर अग्रवाल के विरूद्ध कल थाना पूंजीपथरा में धारा 106 (1), 125(A) BNS के अंतर्गत अपराध कायम किया गया है । जानकारी के अनुसार गत 18 जून को आंधी तूफान और तेज बारिश से बाउंड्रीवाल दीवार के गिरने से मजदूर रंभा प्रधान, सुनील परमार एवं उसकी पत्नी रिंकी डेलकी वहां मलबे में दब गये थे जिन्हें इलाज के लिए मेडिकल कालेज रायगढ़ ले जाया गया था। मेकाहारा में रंभा प्रधान की मृत्यु हो गयी एवं रिंकी डेलकी तथा सुनील परमार गंभीर चोट लगने से अस्पताल में भर्ती है।
मृतिका रम्भा यादव पति सुनील राम यादव उम्र 30 वर्ष निवासी पहाड़ लुडेग थाना तैलूंगा के मृत्यु के संबंध में थाना पूंजीपथरा में धारा 194 बीएनएसएस की जांच में पाया गया कि ओम श्री रूपेश स्टील कंपनी ग्राम चिराईपानी के मालिक दयानंद अग्रवाल एवं शंकर अग्रवाल के द्वारा अपने क्रशर प्लांट में बने लेबर क्वाटर को लापरवाही पूर्वक गुणवत्ता विहीन जर्जर हालत में महालक्ष्मी कास्टिंग प्रा. लि. के बाउण्ड्री वाल दीवार से सटाकर बनवाया गया था। महालक्ष्मी कास्टिंग प्रा. लि. के बिना सहमति के झोपड़ीनुमा क्वाटर लेबर रहने के लिए बनवाया था जो 18 जून को आंधी तूफान एवं तेज बारिश से गिर गया।मर्ग जांच पर ओम श्री रूपेश स्टील कंपनी के मालिक दयानंद अग्रवाल एवं शंकर अग्रवाल के विरूद्ध धारा 106 (1), 125 (A) BNS पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है।







