अडानी में बिखरेगी हरियाली की चादर, प्लांट परिसर में लगे 350 पौधे

by SUNIL NAMDEO
0 comments

वित्तीय वर्ष में 29 हजार से अधिक पौधारोपण का लक्ष्य, पर्यावरण संरक्षण के लिए हरित पर्यावरण अभियान का श्रीगणेश

रायगढ़ (सृजन न्यूज)। विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर रायगढ़ स्थित अडानी पावर लिमिटेड की ओर से पर्यावरण संरक्षण को लेकर “हरित पर्यावरण अभियान” की शुरुआत की गई। इस अवसर पर संयंत्र परिसर में 350 पौधों का रोपण किया गया। इस कार्यक्रम में रायगढ़ स्थित अडानी पावर लिमिटेड के परियोजना प्रमुख, संचालन एवं अनुरक्षण प्रमुख, मानव संसाधन प्रमुख सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे। इस गतिविधि के माध्यम से स्वच्छ एवं संतुलित पर्यावरण के प्रति संस्था की प्रतिबद्धता को आगे बढ़ाया गया।

rl
previous arrow
next arrow

अडानी पावर लिमिटेड, रायगढ़ द्वारा वित्तीय वर्ष 2026–27 के दौरान पर्यावरण संरक्षण और हरित क्षेत्र के विस्तार के उद्देश्य से कुल 29,500 पौधों के रोपण का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। इससे क्षेत्र में हरियाली बढ़ाने के साथ साथ स्थानीय लोगों को स्वच्छ वातावरण उपलब्ध कराने में सहयोग मिलेगा। इस वर्ष विश्व पर्यावरण दिवस की थीम “प्रकृति से प्रेरित, जलवायु के लिए, हमारे भविष्य के लिए” निर्धारित की गई है। यह थीम प्रकृति आधारित उपायों के माध्यम से जलवायु परिवर्तन से निपटने के प्रयासों को दर्शाती है, जिससे पर्यावरण संतुलन बनाए रखने में सहायता मिलती है।

balaji
previous arrow
next arrow

कार्यक्रम के अंतर्गत पर्यावरण जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से प्रश्नोत्तरी प्रतियोगिता एवं नारा लेखन प्रतियोगिता का आयोजन भी किया गया। उल्लेखनीय है कि अडानी पावर लिमिटेड, रायगढ़ एक एकल उपयोग प्लास्टिक मुक्त प्रमाणित संस्था है। इस अवसर पर अडानी पावर लिमिटेड की सामाजिक दायित्व इकाई द्वारा परिधीय ग्रामों में भी पर्यावरण संरक्षण से संबंधित गतिविधियाँ आयोजित की गईं। सूपा स्थित अडानी कौशल विकास केंद्र एवं वस्त्र निर्माण एवं उत्पादन केंद्र में पौधारोपण के साथ-साथ विद्यार्थियों के लिए चित्रकला एवं नारा लेखन प्रतियोगिता में करीब 100 छात्रों ने भाग लिया।

            छात्रों ने धरती, पेड़ पौधों और जलवायु परिवर्तन जैसे विषयों पर चित्रों के माध्यम से अपने विचार प्रस्तुत किए। प्रतियोगिता में चयनित प्रतिभागियों को जूट के थैले वितरित किए गए, जिससे पर्यावरण संरक्षण को लेकर व्यवहारिक संदेश दिया गया। इस पूरी पहल में महिला स्वयं सहायता समूहों तथा अडानी कौशल विकास केंद्र की सक्रिय भागीदारी रही, जिससे पर्यावरण जागरूकता का संदेश व्यापक स्तर तक पहुँचा।

Related Posts