अजीत जोगी के खास रहे सतपाल बग्गा ने पहना भगवा गमछा

by SUNIL NAMDEO
0 comment
img-20260221-wa01799122518692518146593.jpg
previous arrow
next arrow

वरिष्ठ कांग्रेस नेता ने ऐन चुनाव के पहले ओपी के समक्ष किया भाजपा प्रवेश

रायगढ़ (सृजन न्यूज़)। जिला भाजपा कार्यालय में नामांकन हेतु निकलने की तैयारी के दौरान विधायक एवं वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने समक्ष सतपाल बग्गा ने कांग्रेस को छोड़ते हुए भाजपा प्रवेश किया।

                     चार दशकों के साथ कांग्रेस के साथ रहे सतपाल बग्गा अपनी मातृ पार्टी का साथ छोड़ते हुए भावुक होते कहा कि कांग्रेस के पास नीतियों का अभाव है और भाजपा में रहने ओपी चौधरी के पास विजन है। ओपी चौधरी के विकास की राजनीति से प्रभावित होकर उन्होंने भाजपा प्रवेश का फैसला लिया है। एक चाय बेचने वाले को महापौर को प्रत्याशी बनाकर भाजपा ने यह साबित कर दिया कि जमीनी कार्यकर्ता एवं गरीब व्यक्ति को भी उसकी ईमानदारी का पुरस्कार मिल सकता है। जीवन के चार दशक कांग्रेस के साथ व्यतीत करने वाले सतपाल कांग्रेस के कद्दावर नेताओं में एक रहे हैं। राजनीति के साथ सिक्ख समाज में भी सतपाल बग्गा की गहरी पैठ है।

                         ओपी चौधरी द्वारा किए जा रहे विकास कार्यों से प्रभावित होकर सतपाल बग्गा ने कहा कि विकास के लिए किसी प्रकार की राजनीति नहीं होनी चाहिए क्योंकि इससे जनता का भला होता है। निगम क्षेत्र में बन रही गुणवत्ता पूर्वक सड़कों की मिसाल देते हुए सतपाल ने कहा कि पहली बार इतनी अच्छी सड़कें बन रही है। राजनीति में अक्सर लोग पद पाकर कर्तव्यविमुख हो जाते हैं, लेकिन ओपी ने एक साल के कार्यकाल में नालन्दा परिसर लाइब्रेरी ऑक्सी जोन स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स संगीत महाविद्यालय, केलो बांध की नहरें, नेट क्रिकेट बॉक्स, मेडिकल कॉलेज में उपकरणों की स्वीकृति, सड़कों का गुणवत्ता पूर्वक डामरीकरण, शहर और तालाबों का सौंदर्यीकरण जैसे ढेरों विकास कार्य हैं, जिससे आम जनता ओपी चौधरी से प्रभावित है। एक चाय वाले को महापौर का प्रत्याशी बनाकर भाजपा ने बता दिया कि यहां परिवार वाद का कोई स्थान नहीं है। रायगढ़ वासियों से अपील करते हुए सलपाल ने यह कहा कि जनता को निगम चुनाव के दौरान ओपी चौधरी की कल्पना को साकार करने के लिए भाजपा को भारी मतों से विजयी बनाएं।

चार दशकों तक कांग्रेस में रहे सतपाल का पॉलिटिकल सफर
वर्ष 1987-88 के दौरान जिला एनएसयूआई के महामंत्री रहे सतपाल 1990-95 तक जिला छात्र कांग्रेस अध्यक्ष पद पर रहे। इसके बाद वे 1995-97 तक मध्य प्रदेश के कांग्रेस प्रदेश प्रतिनिधि रहे। वर्ष 1997-2000 तक सतपाल जिला यूथ कांग्रेस अध्यक्ष रहे सन 2000-2003 तक जोगी सरकार में वे एल्डरमैन रहे। पूर्व मुख्यमंत्री अजीत जोगी के खास समर्थकों में उनका नाम शामिल रहा। वर्ष 2001-2005 तक जिला कांग्रेस महामंत्री रहे। वर्तमान में प्रदेश प्रतिनिधि के पद पर कांग्रेस की सक्रिय भूमिका निभाने वाले सतपाल गुरुद्वारा कमेटी से 15 सालों से जुड़े रहे वर्तमान में उपाध्यक्ष हैं। वर्ष 2000 के बाद वे गुरुनानक स्कूल के अध्यक्ष रहे। सिक्ख समाज में सतपाल की पकड़ गहरी मानी जाती है।

You may also like

Leave a Comment